मैथिली शब्द, दूसरी कड़ी: पाहुन, भार, गोसाउनि घर
मैथिली शब्द 10 मई 2026
पाहुन। सामान्य अर्थ में अतिथि, पर मैथिली में यह शब्द विशेष रूप से दामाद के लिए बोला जाता है। किसी घर में यह सुनाई दे कि पाहुन आए हैं, तो प्रायः बेटी के पति की बात हो रही होती है। अतिथि और दामाद के लिए एक ही शब्द होना अपने आप में एक बात कहता है।
भार। विवाह या किसी संस्कार के अवसर पर एक घर से दूसरे घर भेजा जाने वाला सामान भार कहलाता है। इसमें मिठाई, वस्त्र और अन्य सामग्री होती है। भार का हिसाब रखा जाता है, क्योंकि यह लेन देन नहीं, संबंध का चिह्न माना जाता है।
गोसाउनि घर। घर का वह कोना या कमरा जहाँ कुलदेवता की स्थापना होती है। किसी भी शुभ काम की शुरुआत वहीं से होती है, और नई बहू के गृहप्रवेश पर उसे सबसे पहले वहीं ले जाया जाता है।
इन तीनों शब्दों की एक बात साझा है। ये किसी वस्तु का नाम नहीं, एक व्यवस्था का नाम हैं। पाहुन एक रिश्ता है, भार एक परंपरा है और गोसाउनि घर एक स्थान से अधिक एक क्रम है।
अगली कड़ी में तीन और शब्द रहेंगे। जिन शब्दों का अर्थ आप जानना चाहते हैं, उन्हें कार्यालय को लिख भेजें।
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